केंद्र सरकार का बड़ा फैसला: पति-पत्नी की पोस्टिंग एक ही स्थान पर करने के निर्देश जारी
संपादक/ धीरेंद्र सिंह( धीरू )
नई दिल्ली।
केंद्र सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के लिए एक अहम और राहत भरा दिशानिर्देश जारी किया है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि यदि पति और पत्नी दोनों सरकारी सेवा में हैं, तो उनकी पोस्टिंग यथासंभव एक ही स्थान पर की जानी चाहिए। यह निर्देश कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) की ओर से जारी किया गया है।
सरकार का कहना है कि इस फैसले का उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों के पारिवारिक जीवन में संतुलन बनाए रखना, मानसिक तनाव कम करना और कार्यक्षमता को बेहतर बनाना है। लंबे समय से यह मांग उठती रही थी कि पति-पत्नी की अलग-अलग शहरों में तैनाती से पारिवारिक और सामाजिक समस्याएं उत्पन्न होती हैं।
दिशानिर्देश में क्या कहा गया है
DoPT द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, यदि पति और पत्नी दोनों केंद्रीय सेवाओं, अखिल भारतीय सेवाओं या किसी सरकारी विभाग/पीएसयू में कार्यरत हैं और किसी एक स्थान पर रिक्त पद उपलब्ध हैं, तो प्रशासन को प्रयास करना होगा कि दोनों को एक ही शहर या स्टेशन पर तैनात किया जाए।
यदि एक ही स्थान पर पोस्टिंग संभव न हो, तो उन्हें निकटवर्ती स्थान पर तैनात करने पर विचार किया जाएगा, ताकि दोनों एक-दूसरे के साथ रह सकें।
प्रशासनिक जरूरतों को प्राथमिकता
सरकार ने यह भी साफ किया है कि यह कोई बाध्यकारी कानून नहीं है, बल्कि मानवीय आधार पर जारी एक मार्गदर्शक नीति है। कुछ मामलों में प्रशासनिक आवश्यकताओं, सुरक्षा कारणों या पदों की उपलब्धता न होने की स्थिति में अलग-अलग स्थानों पर पोस्टिंग की जा सकती है।
महिला कर्मचारियों को मिलेगा लाभ
इस नीति से खास तौर पर महिला सरकारी कर्मचारियों को लाभ मिलने की उम्मीद है। सरकार का मानना है कि इससे महिलाओं को नौकरी और पारिवारिक जिम्मेदारियों के बीच बेहतर संतुलन बनाने में मदद मिलेगी।
सरकारी कर्मचारियों में खुशी
केंद्र सरकार के इस फैसले का सरकारी कर्मचारियों ने स्वागत किया है। कर्मचारी संगठनों का कहना है कि यह निर्णय कर्मचारियों के मानसिक स्वास्थ्य और पारिवारिक स्थिरता के लिए बेहद जरूरी था।


