23 वर्षीय महिला पायलट दीपिका अधाना का साहस, जंग जैसे हालात में 169 भारतीयों को यूएई से सुरक्षित भारत लाई रेस्क्यू फ्लाइट
रिपोर्ट /राजेश सिंह
फरीदाबाद/नई दिल्ली। हरियाणा के Faridabad की 23 वर्षीय महिला पायलट Deepika Adhana ने जंग जैसे तनावपूर्ण माहौल में साहस और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल पेश की। एक विशेष रेस्क्यू मिशन के तहत उन्होंने United Arab Emirates से 169 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित भारत लाने में अहम भूमिका निभाई।
बताया जाता है कि जब दीपिका को इस मिशन की जानकारी मिली तो हालात काफी संवेदनशील और चुनौतीपूर्ण थे। इसके बावजूद उन्होंने बिना हिचक जिम्मेदारी स्वीकार कर ली। मिशन पर रवाना होने से पहले उन्होंने परिवार से भावुक अंदाज में कहा, “मम्मी, चाचू… आखिरी बार देख लो, शायद फिर न दिखूं।” हालांकि परिवार ने उन्हें रोकने के बजाय हौसला दिया और देश के प्रति अपने कर्तव्य को निभाने के लिए प्रेरित किया।
इस रेस्क्यू ऑपरेशन की खास बात यह रही कि पूरी फ्लाइट का क्रू महिलाओं का था। कैप्टन सहित कुल छह सदस्यीय टीम पूरी तरह महिला कर्मियों से बनी थी। विमान भारत से उड़ान भरकर Ras Al Khaimah International Airport पहुंचा, जहां से करीब एक घंटे के भीतर 169 भारतीय यात्रियों को विमान में बैठाया गया।
इसके बाद विमान ने Indira Gandhi International Airport के लिए उड़ान भरी और सभी यात्रियों को सुरक्षित भारत लेकर आया। उड़ान के दौरान एक समय ऐसा भी आया जब कुछ देर के लिए एयर ट्रैफिक कंट्रोल से संपर्क टूट गया, जिससे कुछ पल के लिए चिंता का माहौल बन गया। हालांकि थोड़ी देर बाद संपर्क दोबारा स्थापित हो गया और विमान ने सुरक्षित अपनी यात्रा जारी रखी।
दिल्ली पहुंचने पर यात्रियों के चेहरों पर राहत साफ दिखाई दी। कई लोगों ने क्रू मेंबर्स का धन्यवाद करते हुए कहा कि उनकी वजह से ही वे सुरक्षित अपने देश लौट पाए। इस साहसिक मिशन के बाद पायलट दीपिका अधाना और उनकी महिला टीम की हर तरफ सराहना हो रही है।


