बरेली में SIR को लेकर (AIMIM) की डीएम से मुलाकात, समय सीमा 6 माह बढ़ाने की मांग
फिरोज खान/यूपी हेड
ब्यूरो रिपोर्ट/राजेश सिंह
बरेली/आल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) पार्टी के जिलाध्यक्ष मोहम्मद असलम एडवोकेट के नेतृत्व में एक प्रतिनिधि मंडल ने शनिवार को जिलाधिकारी बरेली से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने वर्तमान में चल रहे वोटर लिस्ट के गहन पुनरीक्षण अभियान (SIR) को लेकर गंभीर समस्याओं से अवगत कराया और समय सीमा बढ़ाए जाने की मांग की।
प्रतिनिधियों ने बताया कि बरेली जिले में नियुक्त बीएलओ अब तक घर-घर जाकर SIR फॉर्म नहीं पहुंचा सके हैं। कई मतदाताओं के पास वर्ष 2003 के वोटर कार्ड मौजूद हैं, लेकिन उनका नाम वर्तमान मतदाता सूची में नहीं है। घनी आबादी और गरीब बस्तियों में यह समस्या अधिक गंभीर है।
प्रतिनिधिमंडल ने यह भी बताया कि जिन लोगों ने अपना निवास स्थान बदला है, वे पुराने पते की 2003 की वोटर लिस्ट में अपना नाम खोजने को मजबूर हैं। कई लोगों के पिता का नाम भी वर्तमान सूची से गायब है, जिससे बड़े पैमाने पर भ्रम की स्थिति बनी हुई है।
AIMIM नेताओं ने बीएलओ पर बढ़ते दबाव का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि कम समय सीमा, भारी वर्कलोड और लगातार तनाव की वजह से प्रदेश के कई जिलों में बीएलओ मानसिक दबाव झेल रहे हैं, जिसके चलते आत्महत्या और अचानक मौत जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं।
प्रतिनिधियों ने बताया कि गरीब और अशिक्षित लोगों को SIR फॉर्म भरने में भारी दिक्कत हो रही है। वहीं, जो लोग भट्टों और अन्य राज्यों में मजदूरी करने गए हैं, वे समय पर फॉर्म भरने में असमर्थ हैं। ऐसे में बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूरों के वोट कटने का खतरा है।
इन सभी समस्याओं को देखते हुए प्रतिनिधिमंडल ने न्यायहित में SIR की समय सीमा को छह माह तक बढ़ाए जाने की मांग की।
इस दौरान AIMIM के प्रदेश महासचिव नदीम कुरैशी, प्रदेश सचिव (पश्चिमी क्षेत्र) रेहान अंसारी, प्रदेश युवा सचिव नसीम खान, जिलाध्यक्ष मोहम्मद असलम एडवोकेट, महानगर अध्यक्ष अन्ने सकलैनी, युवा इकाई महानगर अध्यक्ष युसुफ अली, जिला महासचिव गुड्डू अल्वी, जिला सचिव जमरूद खां, संयुक्त सचिव तौसीफ खान, लीगल सेल प्रभारी एडवोकेट इमरान अली सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे।


