नशे के सौदागरों पर कसेगा शिकंजा: डीआईजी ने दिए सख्त निर्देश,
फिरोज खान/यूपी हेड
ब्यूरो रिपोर्ट/हैदर अली
चारों जिलों में 15 दिन तक चलेगा विशेष अभियान
बरेली। नशे के धंधे में लिप्त माफिया और मादक पदार्थों की तस्करी करने वालों पर पुलिस अब शिकंजा कसने जा रही है। बरेली रेंज के चारों जिलों बरेली, बदायूं, शाहजहांपुर और पीलीभीत में 15 दिनों तक विशेष अभियान चलाया जाएगा। डीआईजी अजय कुमार साहनी ने इस अभियान को प्रभावी और परिणाममुखी बनाने के लिए सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों को सख्त निर्देश दिए हैं।
रेंज समीक्षा बैठक में हुई रणनीतिक चर्चा
बरेली में डीआईजी कार्यालय पर आयोजित रेंज स्तरीय समीक्षा गोष्ठी में चारों जिलों के एसपी शामिल हुए। बैठक में डीआईजी ने कहा कि नशे का कारोबार समाज के लिए खतरा बन चुका है, इसलिए इस पर रोक लगाने के लिए अब तेज़ और सख्त कदम उठाने जरूरी हैं। उन्होंने निर्देश दिया कि केवल प्यादों पर कार्रवाई कर औपचारिकता पूरी न की जाए, बल्कि बड़े तस्करों और उनके नेटवर्क तक पुलिस पहुँचे।
डीआईजी ने स्पष्ट कहा कि पुलिस की कार्रवाई ऐसी हो जिससे नशा माफिया के हौसले पस्त हों और समाज में भयमुक्त वातावरण बने।
15 दिनों तक चलेगा सघन अभियान
डीआईजी अजय कुमार साहनी ने बताया कि रेंज के चारों जिलों में एक साथ 15 दिनों तक सघन अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत नशे के कारोबार से जुड़े गिरोहों की पहचान, छापेमारी और गिरफ्तारी पर जोर रहेगा। पुलिस इंटेलिजेंस टीमों को विशेष रूप से सक्रिय किया गया है ताकि तस्करी की जड़ तक पहुँचा जा सके।
अपराध नियंत्रण और लंबित विवेचनाओं पर भी समीक्षा
डीआईजी ने समीक्षा बैठक में वांछित और इनामी अपराधियों की गिरफ्तारी में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लंबित विवेचनाओं का समयबद्ध निस्तारण किया जाए ताकि पीड़ितों को न्याय मिल सके।
इसके साथ ही महिला उत्पीड़न, दहेज हत्या, पॉक्सो, हत्या, लूट, नकबजनी और वाहन चोरी जैसे गंभीर अपराधों की भी समीक्षा की गई।
सड़क हादसों और साइबर अपराधों पर भी डीआईजी सख्त
डीआईजी साहनी ने कहा कि सड़क हादसों में कमी लाने के लिए सभी जिलों में ब्लैक स्पॉट चिन्हित किए जाएं और उनकी मरम्मत या सुधार कार्य समय पर कराया जाए।
साथ ही, इंटीग्रेटेड रोड एक्सीडेंट डाटाबेस (iRAD) में सही डेटा फीडिंग सुनिश्चित करने को कहा गया।
उन्होंने साइबर ठगी पर भी सख्त रुख अपनाने का निर्देश दिया और कहा कि साइबर अपराधियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी रहे।
गांवों में बढ़ेगी पुलिस की सक्रियता
डीआईजी ने आगामी पंचायत चुनावों को ध्यान में रखते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में पुलिस की सक्रियता बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि चुनाव के समय किसी भी तरह की अव्यवस्था या हिंसा को रोकने के लिए गांव-स्तर पर लगातार गश्त और निगरानी बढ़ाई जाए।
बैठक में शामिल रहे अधिकारी
बैठक में बरेली एसएसपी अनुराग आर्य, बदायूं एसपी, शाहजहांपुर एसपी और पीलीभीत एसपी मौजूद रहे। सभी अधिकारियों ने अपने-अपने जिलों में चल रही पुलिस कार्रवाई की जानकारी दी और आगे की रणनीति साझा की।
डीआईजी का सख्त संदेश डीआईजी अजय कुमार साहनी ने कहा
“पुलिस की प्राथमिकता जनता में सुरक्षा की भावना जगाना है। नशा तस्करों और संगठित अपराधियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। हर जिले में पुलिस टीमों को स्पष्ट निर्देश दे दिए गए हैं कि कार्रवाई के परिणाम ज़मीन पर दिखने चाहिए।”
नशे के खिलाफ जागरूकता भी जरूरी डीआईजी ने यह भी कहा कि पुलिस के साथ-साथ समाज को भी नशे के खिलाफ जागरूक होना होगा। माता-पिता और शिक्षकों को युवाओं पर नजर रखनी चाहिए ताकि वे नशे की गिरफ्त में न आएं।
बरेली रेंज में डीआईजी के नेतृत्व में शुरू हो रहा यह 15 दिन का विशेष अभियान नशा तस्करों के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई साबित हो सकता है।
पुलिस का लक्ष्य केवल गिरफ्तारियां नहीं, बल्कि पूरे नेटवर्क को खत्म करना है। अगर अभियान का यही रुख कायम रहा तो रेंज में नशे के कारोबार को जड़ से खत्म करने की दिशा में यह एक बड़ा कदम होगा।
