बरेली में “डिलीवरी योद्धाओं” का ऐतिहासिक सम्मान
पार्थ गौतम और महापौर डॉ. उमेश गौतम की बड़ी घोषणाओं से गूंजा समारोह, हजारों राइडर्स हुए सम्मानित
रिपोर्ट सत्य प्रकाश
उत्तर प्रदेश के Bareilly में आयोजित “डिलीवरी योद्धा सम्मान समारोह” सेवा, सम्मान और सामाजिक सरोकारों का एक अनूठा उदाहरण बनकर सामने आया। कार्यक्रम में Zomato, Swiggy, Blinkit, Zepto और Rapido जैसी कंपनियों से जुड़े हजारों डिलीवरी राइडर्स को सम्मानित किया गया। समारोह में महापौर Dr. Umesh Gautam, पार्थ गौतम फाउंडेशन के अध्यक्ष Parth Gautam, मीडिया प्रतिनिधि, सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स और बड़ी संख्या में राइडर्स मौजूद रहे।
कार्यक्रम के दौरान पूरा सभागार “भारत माता की जय” और “जय हिंद” के नारों से गूंज उठा। हजारों डिलीवरी राइडर्स की मौजूदगी ने आयोजन को ऐतिहासिक बना दिया। समारोह में समाजसेवा, राष्ट्रभावना और मानवीय संवेदनाओं का विशेष संगम देखने को मिला।
“समाज सेवा केवल भाषणों से नहीं होती” — पार्थ गौतम
अपने संबोधन में पार्थ गौतम ने कहा कि असली समाज सेवा लोगों के बीच जाकर उनके सुख-दुख में सहभागी बनने से होती है। उन्होंने बताया कि उनकी टीम लगातार होली, दीपावली समेत विभिन्न त्योहारों पर जरूरतमंद परिवारों तक सहायता और शुभकामनाएं पहुंचाती रही है।
उन्होंने कहा कि पिछले सात वर्षों से हर वर्ष 20 हजार से अधिक जरूरतमंद लोगों को कंबल और गर्म टोपी वितरित की जा रही है। साथ ही उन्होंने समाज के सक्षम वर्ग से अपील की कि वे अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में पढ़ाएं ताकि सरकारी शिक्षा व्यवस्था मजबूत हो और बच्चों में सामाजिक संवेदनाएं विकसित हों।
डिलीवरी राइडर्स के लिए दो बड़ी घोषणाएं
समारोह के दौरान पार्थ गौतम ने डिलीवरी राइडर्स और उनके परिवारों के हित में दो अहम घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि सभी पंजीकृत राइडर्स एवं उनके परिवारों को मिशन अस्पताल में निशुल्क इलाज की सुविधा दी जाएगी। ऑपरेशन से लेकर अन्य उपचार तक की सेवाएं मुफ्त उपलब्ध कराने की बात कही गई।
इसके अलावा राइडर्स की समस्याओं के समाधान के लिए 24 घंटे सक्रिय विशेष हेल्पलाइन नंबर जारी करने की घोषणा भी की गई। किसी भी आपात स्थिति में राइडर्स सीधे संपर्क कर सहायता प्राप्त कर सकेंगे।
उन्होंने एक घायल डिलीवरी राइडर का जिक्र करते हुए कहा कि निजी अस्पतालों का भारी खर्च गरीब परिवारों के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए विशेष मेडिकल कार्ड योजना शुरू की जा रही है।
रक्षाबंधन पर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की तैयारी
पार्थ गौतम ने बताया कि पिछले वर्ष रक्षाबंधन पर हजारों बहनों द्वारा राखियां बनवाकर नया रिकॉर्ड बनाया गया था और इस बार गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने की तैयारी चल रही है।
उन्होंने कहा कि बरेली में सेवा कार्यों की नई संस्कृति विकसित हो रही है और लोग समझने लगे हैं कि केवल राजनीति ही नहीं बल्कि सेवा के माध्यम से भी जनता के दिलों में जगह बनाई जा सकती है। उन्होंने नकारात्मक राजनीति करने वालों पर भी निशाना साधा।
“डिलीवरी राइडर्स समाज के असली योद्धा हैं” — डॉ. उमेश गौतम
महापौर डॉ. उमेश गौतम ने कहा कि दिखावटी समाज सेवा और वास्तविक सेवा में बहुत बड़ा अंतर होता है। कुछ लोग केवल नाम के लिए समाजसेवी बनते हैं, लेकिन सच्ची सेवा वही है जो जरूरतमंदों के बीच जाकर की जाए।
उन्होंने कहा कि राजनीति में आने की इच्छा रखने वालों को गरीबों और जरूरतमंदों की मदद करनी चाहिए। मिशन अस्पताल में गरीबों के इलाज के लिए हमेशा दरवाजे खुले हैं।
महापौर ने डिलीवरी राइडर्स को “डिलीवरी योद्धा” बताते हुए कहा कि भीषण गर्मी, बारिश और कड़ाके की ठंड में लगातार काम करने वाले ये लोग समाज की रीढ़ हैं और उनका सम्मान पूरे समाज का दायित्व है।
हेलमेट, इंसुलेटेड बोतलें और भोजन पैकेट वितरित
कार्यक्रम के अंत में सभी डिलीवरी राइडर्स को हेलमेट, Milton कंपनी की इंसुलेटेड पानी की बोतलें और भोजन पैकेट वितरित किए गए। फाउंडेशन की ओर से 12 केंद्रों पर इन बोतलों में निशुल्क ठंडा पानी भरवाने की सुविधा भी शुरू की गई है।
डॉ. उमेश गौतम ने कहा कि राइडर्स केवल कर्मचारी नहीं बल्कि समाज के वास्तविक योद्धा हैं। समाज को धर्म, जाति और राजनीति के नाम पर बांटने वालों से जनता को सवाल पूछना चाहिए कि उन्होंने समाज के लिए क्या किया है।
उन्होंने रक्षाबंधन के दौरान हजारों बहनों द्वारा राखी बांधने के भावुक क्षणों को याद करते हुए कहा कि समाज के हर वर्ग की सहायता के लिए उनका प्रयास लगातार जारी रहेगा।
प्रेरणादायक संदेश बनकर उभरा समारोह
कार्यक्रम के समापन पर हजारों डिलीवरी राइडर्स ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ आयोजकों का आभार जताया। यह आयोजन केवल सम्मान समारोह नहीं बल्कि समाज सेवा, संवेदनशीलता और मानवीय मूल्यों का प्रेरणादायक संदेश बनकर उभरा।