परिवार के भीतर संवाद से ही रुकेगा ‘लव जिहाद’, बोले संघ प्रमुख मोहन भागवत
संपादक/धीरेंद्र सिंह (धीरू)
खबर:
भोपाल। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रमुख मोहन भागवत ने कहा है कि ‘लव जिहाद’ जैसी समस्याओं को रोकने के लिए समाज से पहले परिवार के भीतर संवाद और जागरूकता बेहद जरूरी है। भोपाल में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि यदि परिवार सजग रहेगा और बच्चों से खुलकर बातचीत करेगा, तो इस तरह की घटनाओं पर काफी हद तक रोक लगाई जा सकती है।
संघ प्रमुख ने कहा कि समाज में कई समस्याएं कानून से नहीं, बल्कि सामाजिक और पारिवारिक समझ से सुलझती हैं। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों के साथ विश्वासपूर्ण रिश्ता बनाएं और उनके मित्रों, विचारों व गतिविधियों पर सकारात्मक नजर रखें।
मोहन भागवत ने यह भी कहा कि किसी भी प्रकार के छल, दबाव या पहचान छिपाकर संबंध बनाने की प्रवृत्ति समाज के लिए घातक है और इसे रोकने के लिए सामूहिक जागरूकता आवश्यक है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि मजबूत परिवार ही मजबूत समाज की नींव होते हैं।
आरएसएस प्रमुख के इस बयान के बाद ‘लव जिहाद’ को लेकर एक बार फिर राजनीतिक और सामाजिक बहस तेज हो गई है।
