चाबहार पोर्ट प्रोजेक्ट पर संकट: अमेरिकी दबाव में भारत की रणनीतिक वापसी?

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चाबहार पोर्ट प्रोजेक्ट पर संकट: अमेरिकी दबाव में भारत की रणनीतिक वापसी?

संपादक/ धीरेंद्र सिंह धीरू 

नई दिल्ली।

भारत की दशकों पुरानी रणनीतिक परियोजना—ईरान के चाबहार पोर्ट के जरिए अफगानिस्तान और मध्य एशिया तक सीधी पहुंच—आज गंभीर संकट में नजर आ रही है। अंतरराष्ट्रीय कूटनीतिक हलकों में चर्चा है कि यह महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट अब लगभग ठप होने की कगार पर है।

सूत्रों और रणनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, 12 जनवरी को अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान के साथ कारोबार करने वाले देशों पर 25 प्रतिशत अतिरिक्त टैरिफ लगाने की चेतावनी के बाद हालात तेजी से बदले। इसी दबाव के बीच भारत ने चाबहार को लेकर रणनीतिक पीछे हटने के संकेत दिए हैं।

क्या-क्या संकेत सामने आए

इंडिया पोर्ट्स ग्लोबल लिमिटेड (IPGL) द्वारा ऑपरेशनल गतिविधियों के बंद होने की चर्चा

सरकारी नामित निदेशकों के इस्तीफे की खबरें

प्रोजेक्ट से जुड़ी डिजिटल जानकारी और वेबसाइट्स का निष्क्रिय होना

करीब 120 मिलियन डॉलर की भारतीय निवेश राशि पर अनिश्चितता

हालांकि इन बिंदुओं पर अभी तक भारत सरकार की ओर से कोई औपचारिक बयान सामने नहीं आया है।

सिर्फ बंदरगाह नहीं, रणनीतिक हथियार था चाबहार

चाबहार पोर्ट भारत के लिए केवल एक व्यापारिक परियोजना नहीं था, बल्कि

पाकिस्तान और चीन के ग्वादर पोर्ट को बायपास करने का रास्ता

अफगानिस्तान को मानवीय व व्यापारिक आपूर्ति का वैकल्पिक मार्ग

INSTC (इंटरनेशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर) की रीढ़

माना जा रहा है कि यदि भारत वास्तव में इस परियोजना से पीछे हटता है, तो यह उसकी क्षेत्रीय कनेक्टिविटी और भू-राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को गहरा झटका होगा।

कूटनीतिक मजबूरी या रणनीतिक चूक?

रणनीतिक विशेषज्ञों के बीच सवाल उठ रहे हैं—

क्या अमेरिका के आर्थिक दबाव के आगे भारत को झुकना पड़ा?

क्या यह बहुध्रुवीय विदेश नीति की सीमाओं को दर्शाता है?

या फिर भारत कोई वैकल्पिक, कम टकराव वाला रास्ता तलाश रहा है?

फिलहाल चाबहार को लेकर तस्वीर पूरी तरह साफ नहीं है, लेकिन इतना तय माना जा रहा है कि दक्षिण एशिया और मध्य एशिया की राजनीति में यह एक बड़ा मोड़ साबित हो सकता है।

अगर चाहें तो मैं

इसे और आक्रामक एक्सप्लेनर,

टीवी डिबेट स्टाइल स्क्रिप्ट,

या फैक्ट-चेक + बैकग्राउंड एनालिसिस के रूप में भी तैयार कर सकता हूँ।

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Author: Bhaskar News 24

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